अचलेश्वर महादेव मंदिर – हर दिन तीन बार रंग बदलता है यह शिवलिंग !

Achaleshwar Mahadev Temple:

भगवान शिव परम कल्याणकारी और जगतगुरु है ,वो जगत में सर्वोपरि और सम्पूर्ण सृष्टि के स्वामी है. भगवान शिव के पुरे भारत में अनेक प्रकार के अद्भुत चमत्कारिक मंदिर है उन्ही में शामिल एक चमत्कारिक मंदिर राजस्थान के धौलपुर गाँव में अचलेश्वर महादेव मंदिर के नाम से प्रसिद्ध है. यह इलाका चम्बल के बीहड़ो के लिए प्रसिद्ध है और इन्ही बीहड़ो के अंदर स्थित है भगवान अचलेश्वर(Achaleshwar Mahadev) का मंदिर.

इस मंदिर में अचलेश्वर महादेव(Achaleshwar Mahadev) के शिवलिंग की खासियत यह है की ये दिन में तीन बार रंग बदलता है. सुबह के समय इस शिवलिंग का रंग लाल होता है ,दिन के समय ये इसका रंग केशरिया हो जाता हे तथा रात के समय यह चमत्कारी शिवलिंग श्याम रंग का हो जाता है. ऐसा क्यों होता है इसका अभी तक किसी को पता नही है. भगवान अचलेश्वर महादेव(Achaleshwar Mahadev) का मंदिर बहुत साल पुराना है और यह मंदिर एक पुरानी चट्टान से बना हुआ है , क्योकि यह बीहड़ में स्थित हे इस कारण यहाँ का रास्ता बहुत ही पथरीला और उबड़ – खाबड़ है. इसलिए पहले यहाँ पर बहुत कम लोग पहुँचते थे पर जैसे-जैसे भक्तो के कानो तक यहाँ के चमत्कार की बात पता चली यह श्रधालुओ की भीड़ इकट्ठी होने लगी है |

अचलेश्वर महादेव(Achaleshwar Mahadev) के रंग बदलने के पीछे कोन सा विज्ञान है इस का पता करने के लिए पुरातत्व विज्ञान से भी लोग यहाँ पहुंच चुके है पर ईश्वरीय चमत्कार के आगे सब नतमस्तक है. इस शिवलिंग की एक चमत्कारी बात और भी है की इसके छोर का आज तक पता नही चला है | बहुत समय पहले कुछ भक्तो ने इस शिवलिंग की गहराई जानने के लिए इसकी खुदाई करी थी ,पर काफी गहराई तक खोदने के बाद भी जब वो इसके छोर तक नही पहुंच पाये तो उन्होंने इसे भगवान का चमत्कार मानकर खुदाई रोक दी | भक्तो का मानना हे की भगवान अचलेश्वर(Achaleshwar Mahadev) सभी की मनोकामना पूरी करते है ,खास तोर पर यह कुंवारे लड़के और लड़की मन्नत मागने आते है और ये अति शीघ्र पूरी होती है |

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